Breaking News

परम पूज्य गुरुदेव शांतानन्द तथा स्वामी नरेशानन्द जी महाराज की पतित पावन स्मृति में विशाल संत समागम तथा संत भंडारे का हुआ आयोजन

कमल अग्रवाल (हरिद्वार )उत्तराखंड

हरिद्वार जगदीशपुर पायलट बाबारोड कनखल में परम पूज्य गुरुदेव शांतानन्द तथा स्वामी नरेशानन्द जी महाराज की पतित पावन स्मृति में विशाल संत समागम तथा संत भंडारे का आयोजन किया गया

इस अवसर पर बोलते हुए महंत स्वामी परमानंद गिरि महाराज ने कहा सरस्वतीभगवानमें आस्था—सदैव मंगलकारीमानव जीवन अनिश्चितताओं से भरा है—कभी सुख की धूप, तो कभी दुख की छाया। ऐसे में मन को स्थिर रखने के लिए जिस शक्ति की सबसे अधिक आवश्यकता होती है, वह है आस्था। भगवान में आस्था केवल एक धार्मिक भावना नहीं, बल्कि आत्मा का वह आधार है जो व्यक्ति को हर परिस्थिति में मजबूत और शांत रहने का सहारा देता है। महंत पद्मावती सरस्वती ने कहा

जब मनुष्य भगवान में विश्वास रखता है, तो उसका मन भय, चिंता और बेचैनी से मुक्त होने लगता है।

आस्था कहती है:

“तू अकेला नहीं है। एक दिव्य शक्ति तेरे साथ है।”

यह विश्वास जीवन को हल्का बना देता है। कठिनाइयाँ चाहे कितनी भी हों, मन टूटता नहीं, क्योंकि उसे पता होता है कि ईश्वर हर कदम पर सहारा बने हुए हैं।जब जीवन चुनौतियाँ देता है, तब मनुष्य अक्सर घबरा जाता है। पर भगवान में अटूट आस्था रखने वालाव्यक्ति संकट को भी धैर्य से झेलताहै।आस्था उसे सिखाती है—महंत गोपालानंद महाराज ने कहा

धैर्य रखो,विश्वास रखो, समय जरूर बदलेगा,ईश्वर पर भरोसा करने वाला व्यक्ति कभी हार नहीं मानता, क्योंकि उसे यह अनुभव होता है कि कठिन समय भी जीवन की परीक्षा भर है, सजा नहीं।भगवान में आस्था रखने वालामनुष्य स्वाभाविक रूप से अच्छाबनजाता है।उसके भीतर बढ़ती है—

करुणा,विनम्रता,सत्यनिष्ठा,सहानुति आस्था मन को पवित्र बनाती है और व्यक्ति के जीवन में सदाचार का प्रकाश फैलाती है। यह एक ऐसा आंतरिक परिवर्तन है जो धीरे-धीरे व्यक्ति को श्रेष्ठ मानव बना देता है। श्री संजय शास्त्री ने कहा

आस्था—हर परिस्थिति में मंगल का कारणईश्वर पर भरोसा रखने वाला व्यक्ति विपरीत परिस्थितियों में भी सकारात्मक सोच रखता है, और यही सकारात्मक ऊर्जा उसके जीवन में मंगलकारी परिवर्तन लाती है।

आस्था से—मन में आशा आती है,कार्यों में सफलता बढ़ती है,संबंधों में मधुरता आती हैकभी-कभी तो केवल भगवान का स्मरण ही मनुष्य के जीवन में चमत्कार कर देता है।सच तो यह है कि भगवान में आस्था मनुष्य के जीवन का सबसे सुंदर आभूषण है। यह आस्था दुखों पर विजय दिलाती है, मन को ऊँचा उठाती है और जीवन को उद्देश्यपूर्ण बनाती है।इसलिए कहा गया है—श्री संजीव कृष्ण शास्त्री ने कहा

“जिसके हृदय में आस्था है, उसके जीवन में सदैव मंगल ही मंगल है।” इस अवसर पर महंत स्वामी परमानंद महाराज श्री संजीव कृष्ण शास्त्री महंत पद्मावती सरस्वती संजय शास्त्री महंत गोपालानंद महाराजमहंत शुभम गिरी महाराज स्वामी अमितानन्द महाराज महंत सचिव गोविंद दास महाराज कोतवाल कमल मुनि महाराज कोतवाल देहरादूनी बाबा रमेशानंद कोतवाल रामदास महाराज सहित भारी संख्या में संत महापुरुष तथा भक्तगण उपस्थित

Check Also

ऋषिकेश नगर निगम के नवनियुक्त आयुक्त श्री विजय नाथ शुक्ला ने पदभार ग्रहण करने के उपरांत ऋषिकेश विधायक डॉ. प्रेमचंद अग्रवाल से शिष्टाचार भेंट की

कमल अग्रवाल (हरिद्वार )उत्तराखंड ऋषिकेश : ऋषिकेश नगर निगम के नवनियुक्त आयुक्त श्री विजय नाथ शुक्ला …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *