Breaking News

भक्ति और श्रद्धा का दो दशक: श्री सीताराम धाम में सिद्ध संकट मोचन श्रीहनुमान जी सीताराम धाम का 25वाँ पावन स्थापना महोत्सव महंत सूरज दास महाराज के पावन सानिध्य में संपन्न

कमल अग्रवाल( हरिद्वार) उत्तराखंड

हरिद्वार ( ठाकुर मनोजानंद ) / देवभूमि हरिद्वार के पावन क्षेत्र भूपतवाला स्थित संकट मोचन श्री हनुमान मंदिर श्री सीताराम धाम में आज भक्ति का एक अनूठा उल्लास देखने को मिला। अवसर था संकट मोचन, बल-बुद्धि-विद्या के दाता वीर बजरंगबली हनुमान जी की मूर्ति स्थापना के 20 वर्ष पूर्ण होने का।

इस दो दशक की आध्यात्मिक यात्रा के सफल समापन पर प्रातः स्मरणीय परम पूज्य गुरुदेव श्री महंतसूरजज दास जी महाराज के पतित पावन सानिध्य में एक भव्य धार्मिक अनुष्ठान और ‘विशाल दरिद्र नारायण संत भंडारे’ का आयोजन अत्यंत श्रद्धापूर्वक संपन्न हुआ। आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हुआ मंदिर परिसर

ब्रह्ममुहूर्त से ही मंदिर में उत्सव का वातावरण निर्मित हो गया था। बजरंगबली का पंचामृत अभिषेक, विशेष सिंदूरी श्रृंगार और स्वर्णालंकार पूजन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। संपूर्ण मंदिर परिसर को सुगंधित पुष्पों और दीप मालाओं से सजाया गया था। हनुमान चालीसा, बजरंग बाण और सुंदरकांड के पाठ की गूँज ने पूरे क्षेत्र को सकारात्मक ऊर्जा से भर दिया। श्री महंत सूरज दास जी महाराज के ओजस्वी विचार

इस मंगलमयी अवसर पर उपस्थित धर्मसभा और श्रद्धालु समुदाय को संबोधित करते हुए श्री महंत सूरज दास जी महाराज ने हनुमान जी के अलौकिक स्वरूप और उनकी महिमा पर प्रकाश डाला।

महाराज जी ने अपने प्रवचन में कहा: शास्त्रों में हनुमान जी को ‘अष्ट सिद्धि नवनिधि के दाता’ और ‘कलियुग के जाग्रत देव’ के रूप में प्रतिष्ठित किया गया है। संकट मोचन कृपा निधान वीर बजरंग बली इस पृथ्वी पर एकमात्र ऐसे देवता हैं, जो भक्त की करुण पुकार सुनते ही उसकी रक्षा के लिए दौड़े चले आते हैं। उनकी कृपा पाने के लिए किसी कठिन आडंबर की आवश्यकता नहीं है, वे तो मात्र सूक्ष्म आराधना और निस्वार्थ प्रेम से ही प्रसन्न होकर भक्तों के भंडार भर देते हैं और उन्हें मनोवांछित फल प्रदान करते हैं।” महाराज जी ने जोर देकर कहा कि आज के तनावपूर्ण जीवन में हनुमान जी का चरित्र हमें साहस, समर्पण और सेवा की प्रेरणा देता है।

विशाल संत भंडारा: सेवा और समर्पण का संगम मूर्ति स्थापना की 20वीं वर्षगाँठ के उपलक्ष्य में आयोजित इस विशाल दरिद्र नारायण संत भंडारे में हरिद्वार के विभिन्न क्षेत्रों से आए सैकड़ों दरिद्र नारायण ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। और भंडारे में भोजन प्रसाद ग्रहण किया

संत सेवा: महंत सूरज दास जी महाराज ने स्वयं सभी को भोजन कराया और उन्हें दक्षिणा व वस्त्र भेंट की प्रसाद वितरण: भंडारे में सैकड़ो की संख्या में स्थानीय श्रद्धालुओं और दूर-दराज से आए भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। भक्तों ने पूरी निष्ठा के साथ व्यवस्था संभाली, जिससे यह उत्सव एक आध्यात्मिक कुंभ की भाँति प्रतीत हुआ।

25 वर्षों की गौरवशाली यात्रा / विदित हो कि विगत 25 वर्षों से श्री सीताराम धाम सिद्ध हनुमान मंदिर क्षेत्र के हज़ारों परिवारों की आस्था का केंद्र बना हुआ है। इन दो दशकों में मंदिर ने न केवल धार्मिक अनुष्ठानों बल्कि सामाजिक और आध्यात्मिक चेतना जागृत करने में भी अग्रणी भूमिका निभाई है। भक्तों का मानना है कि यहाँ स्थापित बजरंगबली की प्रतिमा अत्यंत चमत्कारी है और जो भी यहाँ सच्चे मन से अपनी अर्जी लगाता है, पवनपुत्र उसके संकट हर लेते हैं। यह उत्सव केवल समय की एक अवधि को नहीं, बल्कि उस अटूट विश्वास को दर्शाता है जो भक्त और भगवान के बीच बना हुआ है।

श्री महंत सूरज दास जी महाराज के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ यह कार्यक्रम क्षेत्र की धार्मिक एकता और सांस्कृतिक विरासत को और अधिक सुदृढ़ कर गया।

प्रातः स्मरणीय गुरुदेव श्री महंत सूरज दास जी महाराज ने कहा संकट मोचन कृपा निधान वीर बजरंगबली हनुमान भक्तों की सूक्ष्म आराधना से प्रसन्न होकर उन्हें मनोवांछित फल प्रदान करते हैं और उनके जीवन के सभी कष्ट संताप हर लेते हैं

Check Also

ऋषिकेश नगर निगम के नवनियुक्त आयुक्त श्री विजय नाथ शुक्ला ने पदभार ग्रहण करने के उपरांत ऋषिकेश विधायक डॉ. प्रेमचंद अग्रवाल से शिष्टाचार भेंट की

कमल अग्रवाल (हरिद्वार )उत्तराखंड ऋषिकेश : ऋषिकेश नगर निगम के नवनियुक्त आयुक्त श्री विजय नाथ शुक्ला …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *